Episode Transcript
[00:00:00] दीपक जी सच्रीकाल थोड़ा बहुत-बहुत स्वागत है जी सच्रीकाल बासु जी सारे दर्शकालों सुरोत्यानों मेरी प्यार-परी सच्रीकाल दीपक जी पंजाव दे वेचे बड़ी समस्य है के स्कूलनां च पड़ेनाले बच्यानों भी उड़ा-एड़ा नह बिल्कुल बासु जी पहली नजरे ही इस वाक्त जो कदम है के पंजाब दे विच पंजाब स्कूल सिख्या बोर्ड दे हवालेना पंजाब सरकार ने फैंसला कीता है के सड़ी जेड़े भी पाशा पढ़ाई जाएगी बचे जे अंग्रिजी पढ़ रहे ने जे हिंदी पढ हाँ इदे विच एक पहलू जरूर है के जे कर तुसी इस नज़रियो तो देखो ता इदे नड़े है के होर पाशा मां बिशक सिखो ता अपनी मामोलीना जुड़े रो। पर एक पन्ना लाउन नाल जे पंजाब सरकार सोचे के हाँ साडा कम फते हो गया ता ये उन्होंने पले आ हालीच बलागसंती जीला पिरिशत चोना होके हटिया ता जड़े एक मास्टर लाले स्कूल सी उनने ताले लाओने पहेजी स्कूलानों बंद करके मास्टराने को डूटियान वांजा। दूसरा मुखमंतरी पगवांतमान अकसर ये गल कहेंदे रहने के मैं मास्टर दा मु ते तो पिछले मारे कार्ट भी तोड़ गे जी मास्टर सारे काम तो अलावा हूँ तरने दी रैलियां च बसांच बंदे च रौनता काम भी कर दे जी ये भी डूटिया मास्टरों देन लग पे फिर जड़ी चड़ोती है तो भी अग्गे दी खड़ी है वो एक खड़ी है के आ वो पुरी तरानार पंजाबी दा पूरा पन्ना, लेख, पाथ वो पढ़न दे कावल भी नहीं है। सो ये जड़ी चनोती है फिर वोने साड़े मुरे स्वाल खड़ा कीता के दा मतलव पाँशाचन पुन नहीं है के बच्चे। सो ये सलिए उड़े आड़े ती पहल कदमी ठी ते जे उन्हां सट्शलक ते जवाकां दे हवलां देखा जावे ता तीजी जमाद ते विच पंद्रां पीसा दी बद्यारती सी के जिडे उडा आडा पूरी तरां पड़ पारें। ये सरबे है पिंजाबते सरकारी स्पूलां दा के सिर्फ पंद्रां परसंट जवाक ते चार मतलव असी तिन पाशे ही फार्मुले ते जड़ा कम कर रहे हैं उदा नतीज है। थाईपीसदी बद्याग थी जहें नहीं मतलव पहली जमाद तों लेके बारणी जमाद तक आँदे आँदे हां जड़े मतलव के बाकी अखर कुछ पढ़न दे कावल बन देने। ते ओबर आले देखिये तां सौपिछे सन्ताली जवाक ने जड़ा कुछ और पढ़ लेंदेने मतलव तीजी तो अठमी जमात तक दे विच सन्ताली पी सदी ता मतलब जवाक बन दे सर्प पंजापी सदी भी नहीं बन दे जड़े उड़ेहडे तो गाँ जाके मलो अख़वा सो सरकार एकदा जड़ी एपहल कदमी कर रही है जी एपह स्वागत कर दें के सही है पर उदे नाल नाल सनु एस पार्मुले ते भी आणा पहेगा के कटो कट जुएने दे सर्बे दे उनसारे आपा चल पीए जुएने दा सर्बे कहेंदा के जड़े जबाक प्रैमरी तक अपन ते तुसी हुने इस पार्मुले ते क्यों नहीं आ सकते के पंजमी जमाद तक पंजापी माद्यम पड़ा आ जावे मतलब मैं कले पंजापी बिशे नी गर नी कर रहे हैं साडे बाकी सारे जड़े बिशे होन वो भी पंजापी माद्यम छोण ते शेमी तो लालो अंग्रे� जे रास्तान है, गुझरात है, बंगाल है, उठे पड़ा हो उनना दी हैं महाबुलियाँ। सो ये स्रीका करते भी जानती, लोड़ा ते पंजाब सरकार लिए चड़ोती हैं। दूझी चड़ोती। तुसी ये पंजाब स्कूल सिख्हां बोर्ड च लागो कीता है। पंजाब जबरी बच्चां तो हिंदी, इंग्रेजी बिला ही जा रही हैं, असी इंग्रेजी, हिंदी दे खलाप नहीं के, असी और पाशांवन दे खलाप नहीं, सवाल ते है के पहला मेरी बोली तो न पुन कराओ बच्चां, यड़ी बोली तो पुत तोस बोली तो महर बड़ सो एस फार्मुले ते भी काम करन्दी लोड़ा सो चनौतियां काफी ने पाशाओं दे मुरे आजी दी तरीक दे विच कोई दुकान खोल लिये है सी, कोई बजार खोल लिये है, कोई जम्मणदा कार्ड हो बे, कोई साड़े पोगदा कार्ड हो बे, कोई बियादा कार्ड तो उठे मंजूर है जिए पंजाब चेड़ने ते कोई वाजचक था फिर कहीं तरहने टैग लगते हैं तो सरकार ने जड़ा ये कदन चुक्या ये पहला पड़ाये तो अगले पड़ामा बालनु बदन ता बहुत चंगा होई गई। दीपक जी, पंजाब सरकार ने एक मु पंजाप सरकार जे आंकडेनानु प्रापती मांदीया तफर पंजाप चो नशा मुख गया जे पंजाप सरकार इस्तिहार बाजीनु ही जित मांदीया तफर फटेआन दे मामले च बोर्ड लाउन दे मामले च नंबर बन ने फिर मसला हल हो गया जे नां लगदा के पांच लाइ रेता भी ये था कहने सी के डिप्पू खुल गे जी और रेता दे डिप्पू मुडके लबे नी शराब चो जी अनी कमाई आ जानी है पंजाब था खाजाना भी पर जाना थे बहार डुल्या करूँगा खाजाना था थे आपा करचे मुक्त भी जाना करचे था सवा चार के आसी अठाय हजार किलो हरन फडली ते ओदे हवालेनल अकताली हजार आसी तसकर फडले मतलब जे पंजाब चे इनने तसकर फडले के फिर ता उन चिडी दी चुणच चाओन जोगा भी नशानी बचे होना जी ते फेड़ ए सारा कुछ क्यूं इतो पहला सबने चेते ते ओ समय भी चर्चा तोड़ी सी के जे इनी फ़डोगी ता इदे जादा किनी लंग गी होईगी ओसे तरह जे 41 तसकर नहीं था मतलब पिजाब ते तो हर जी तसकर है जी फिर ता फिर ता हर पिंड़ शहर तसकरां ते पिंड़ है फिर ता मतलब सरकार दसना की चाहूँदी है असल दे बिच ए आंक्रेयां दे नाले अपना ही जना जाब कडा रहेने के बही असी हुन आंक्रेयां नाल खेड रहे हैं, असी स्थियारां नाल खेड रहे हैं, असी बोड़ां नाल खेड रहे हैं, असी परचार नाल खेड रहे हैं ए दिल्ली याला फार्मूला इथे चलाखे वो मक्खर नडाओंडाना के मक्खर नू 101 बार तोलो ते यह जहर बन जानदा। तो यह वो फर्मुलेने के तो ती जहर सारे मुरे पिश कर रहो। बिज़े जी बसू जी पंजाव देव तो सिती यह है के आए दिन इक तो दो मोतां चिट्टे दे बाद काट करके आजे भी हो � मापे कहें देने आप, बिंडां दे लोग दस देने आप, तुसी उनने दर्ज करना है, record करो, ना करो। सो वो स्तिति दे बाल देखते हैं नहीं तुसी, ते तुसी जे एह कहने हों कि ऐसी बड़ा तसकर भी फडले आप, विकरम जीठिया काग्जांज दे भी था अंदर है जनाब जे नशा पंजाब चो मकाउना है ता नत स्यासी जमात नो भी पाउनी पाइणी है नत दलाला नो भी पाउनी पाइणी है नत परशाषनीक पलीस तंतर नो भी पाउनी पाइणी है एक गरूब है मिलके जड़े कम कर दे सो पंजाब दे बिच लगातर जेह जाँ गैंक सरकार नू शीशा दखाओंदी है के जनाब तुसी इस गल नू मन्नो ते दे ते मन्थन शुरू करो ना के मीडिया च बियां देन नाल ट्वीट करना मसला होगा ए चनोती पंजाब दे सर ते खड़ी है उननां करांच जाके पुछो जिनां दे करांच सत्थर बिशे ने � दीपक जी पिछले दिनी साफका आई-जी अमर सिंग चाहल ने जदो खुदकुशी करन दी कोशिश कीती वो हुँ खत्रे तो बार निवनती स्थिति स्टेबल दसी जा रही है पर इस मामले दे विच कई नवे राज निकल के सामने आयने हूँ। बिलकुल जी आमर स पर हुण जिरा मांगला उनादा खुदकुशी आडा आओंदा है जाँ उनादी लिखिए डीजिपी नु चिथ्थी खुदकुशी नोट बज़ों ले जानदी है उदे बीचो हवाला देन देने के मैं मतलब शकार हो गया जी इंवेस्टमेंट दे नाते ठगीदा के में तो ज तीक है उतो बात तुसी मांसक तोर तेने कमजोर निकले के तुसी खुदकुशी दाराज चुने हैं ते तुसी गोड़ी मार ली जाए जे जांच दा विशाविया केरवाल बर सकोटी आरदे क्यूं बरते हैं टिडज गोड़ी लगी ते इक नहीं दो अपरेशन होए ते बिश मांगला हेंगा के वो कौन बंदा है जीदे नहीं पैसे इंवैस्ट होए ती ओस बंदेनु कौन उस ग्रुप च लेकियाया पत्याले दे विच एक ग्रुप एक्टब है जड़ा रेटाइड एस रैंक ते अदकारियां दाई बड़े रैंक ते जीवें अपने अजे भी मतलव केंग खितरां दे बीच जातपात खासा जादे फैले होये न, वो जातपात इना अफसलांच भी बहुत बड़ी हैं। ये रेंकाली जातपात हुंदी है इनाच कि हां मेरा बड़ी रेंक मैं, मेरी उची जात, ये छोटा रेंके दी छोट उस रेंक दे अदकारियाले ग्रुप दे बिच एक बेकती जहाँ एंटर हुँदा है जिड़ा इनने नु ये फार्मूले समझा हुँदा है कि एं शेर मार्केट छ पैसा लाओ, एं सिप चलाओ, एं फलाने चलाओ ते फिर जिड़ा उठी उनना देनारद सवाल जवाब कब ल ते उठे फिर पैसे दा खेल चल लिया इन्हांनों कही बार दखाये भी कि थोड़े अन्ने होगे अन्ने होगे जद वो कड़ाउन दी बारी है इता फसंगे ते फिर पैसे उल्टा होर दे बैटे ते उन कहेंदे अट करोड। भून जड़ी सचाई है जड़े नमे राज खुल बैसेद आजदी टेकनौलोजी दे जोकेचे ची लबड़ी होकी होनी गी के अमर सिंख चाहलना फौन ते भी गल हुन दी सी बडसैप चैट ते भी गल हुन दी सी गुरुप पछ भी बनदा आएट सी खात्यां पैसे भी ट्रांसपर होए ने ते फिर ये सारा कुछ आजदी � सुची बढ़ान तो बाद ए पुरस अदकारी जाँच करते करते उना साफक अदकारियां दे करां तक गए ते बासु जी लग पाग जाता तर अदकारियां ने मूझ वाननी है गल मननी के हाँ फसे होईता आसी भी हैं जी पैसा ता सड़ा भी लग गया जी पैसा ता आसी भी फ कि बदनामी तो डर देने कि आहे जी रहें कले बंदें दी आह समझा है। यह डर है। जहां परवार, रिस्ते, दारां, जवाकां दे बीच राज खुल जूगा ताने डर देने। जा फिर मतलों के कोई होर पहलू है वो जानना पर जादातार पता लग गया के जड़े ओस ग्रूप छ शामल सी एधरो शिफ्ट करके उदर के उनने पैसा लाया किसे ने बत लाया हो किसे ने कट लाया हो सो हो सकता है के इनना जादे ला लिया होगे कि जड़ा आमदन तो बत ज और कहीं भी है कहने अज ता पत्यारे खेतराने मामला खुलया है जी मैं पा हर्चान सिंख पुलर दे मामले च कल करते ना के जे जानचते हैं जी ता कहीं हर्चान सिंख पुलर लब जानगे ओसे तरह जी एस तरहनी पडचोल की करी ये ता कहीं मतलव अमर सिंख च है ना? तो वो तरीका कारा है कि तुनु तामी समझ नहीं होंदी के था किमें हो सकता है कि तुनु सोना सस्ता किमें मिल सकता है उसे थारा इतने किमें हो सकता है जिए एफटी दा रेट आठपरसेंट, साटे साथपरसेंट है ते सिप दे विच दास बारांपरसेंट है � बिल्कुल जी हर्चान सिंग्पुलर जड़े D.I. नी रहे ने थे वो जदों रिश्वत दे मामलेच परस्टाचार दे मामलेच फिर उनना दे करों नगदी मिलना वो सारा कुछ गैना गटा मिलना ते उत्वा CBI दी रडार ते आये ते वो केस चल लिया बैसे ता बिजलेंस भ पिर तो आज money laundering दे मामले छ भी पर गल किते गित्तुरी नहीं जाधे खास पता नहीं ता वो daddy किते गबाच गी जी कहीं होरां दे नाम लबे सी गे कहीं आफसर आगे कहीं अदरकारी आगे कहीं मतलव कहीं मंतरी संतरी भी आगे जी कहीं लीडरां दे नाम नहीं जी कहीं प् पता नहीं हर्चान सिंग पुलर नहीं कोई CBI दे कानेज फूक मारती के देख्यो जनाव जे मैं राज खोलूंगा ता कहीं परतां खुल जानगी हैं फिर सत्ता दे तक्ताले बनदें ता कहीं नहीं किते सेख चल जबे पता नहीं सत्ता दे तक्ताले नहीं CBI दे कानेज फ� सो उसे प्रकिरे चो हर्चन सिंग पुलर पहुंच गे सप्रीम कोड के जीमें ता जमानत चाहिए दिया ते सप्रीम कोड ने ब्रांक लफापे मांग मोडता थी कहा कि बही एक तरीका कार हुंँदा है के पहला जड़ी इदालत थोड़ा मामला उठे जाना जाओ ते एथे ता ते उठे फिर CBI ने पुछा आ गया ते CBI आज सुनबाई सी, CBI ने कहा जी के सानु समा चाहिए दे अपना जबाब दागल करने। बैसिता कनूनी मायरां दा मनना हैं वासु जी के जेहो जा मामल है हर चान पुलर दे खलाब उदे विच आसानी ना जमानत मिलना आज संभ� कुल मला के एक जी ओ समामंगन दा नतीजा होया के उन दो जनबरी ते सुनवाई पैगी है। सो इदा मतलब एकती दसंबर तक ता एक नमे साल दी पहली जनबरी तक ता हर चानल सिंगपुल लली रहती कोई आस नहीं है। सो जे जमानतली आरजी ते सुनवाई ओ दो � जे थो खैर नहीं पेंदी फिर हाई कोड जाना पे सकते हैं। हाई कोड तो बाद फिर तुसीं दौर सब्रीम कोड तक भी जा सकते हैं। सो एसरी हुंँ देखाने के लिए दून जनबरी नु की हुँदा है। फिला हम चंसिंख पुल लगी। दो जनबरी तक तां सलाखांने पतानी जी जदो केजरी बाल जी दी सरकार सी दिलीच तहता पंजाबदे तू हैं करके प्रदूशन हुंदा सी त जदो केजरी बाल जी दी सरकार दिलीच नहीं रही फिर कले पाँच पाईयानु ता प्रदूशन पंजाबदा लग दा रहा क्योंके उना दी सरकार बन गी प पर आजदी तरीक्ष जदों दिल्ली दी हालत देखते हैं तर ता पंजाब तो तुम आभी नहीं है भाई। ता पंजाब तो भी पिराली नहीं सड रही। सारे ता कानकवी निस्सर गी। हुँ किदे सर मरना ये दोश। तो ये इसलिए अपने आप से सबाल है कि दिल्ली दे � ते वो कमाल है वो समय ता वो जीमें बदा बदा के गल कर रहे सी अभी के सरकार जवाब दबे सरकार कटैरेच कड़े सरकार नु पुछो हुँ कहेंदे जी दिल्ली ता कोली वरगी हैं दिल्ली ता जी मतलो के वाले दाल दी हवाईयते कठी हो जेंदे वो निकड़ेन सकती है बैसे ता नुक्ता ता उन्होंने बड़ा बाजव क्या के तुसी पाई कलूँ फेर दिली सरकार बननदी लालसा रख दे होंगे कट पर ब्रोदी तेरे दा रोल तानवा हो के अथे ता खड़ो केजरी बाल जी ता बोरी बिस्तरा कठा करके आहें पज्जे होँ ने दि तो इनजी लगता जी के चिठ्ठी ता किता अचेची त्यार हो के आई है। क्योंके राजपाल ते उपर राजपाल अजकल मतलव के पुरी तरह सरकारी तोते नें। तो अदे दी गर्मा मर्यादां ता रखनी पांदे। तो ये इसलिए चिठ्ठी ता किता त्यार हो के � के ओही चथी साडे पंजाब दे राजपाल साब भी राखले न फोटो सेड कराके के सानू भी देदो हैं बाचो देते फ्लूड लाके ना बतल के सानू भी जारी ना करनी पैजबे कम ता इत्याली भी सरकार कुछ नहीं कर रही सुभेली सुछनोती तेना मुरी भी खड तो मतलब दिल्ली दा परदूशन दा कारण तंदूर है कमाल है के जे कोई बेचरा गरी मज़दूर उठे रोटी भी खा लेंदा छोटे टबे ते ता वो भी न पकन देगे है न? तो ए तरीका कारा अपने आप छ सवाल ने ते हुण अचकल पहाडियां गुझरात तो लेके ज सवाल ही तो भी अगे खड़ा है। मान जोग दिल्ली हाई कोट ने आज सवाल कीता है जी दिल्ली सरकार। वो कहेंदे भी मिनु एह दसो के जड़ा ओ एर प्यूरोफायर हुंँदा है जड़ा हवानू साप करनाड़ा। वो कहेंदे भी उदे उठे थारां प्रसेंट जी उन्हों दखावे दी चीज थोड़ा, शोपी थोड़ा कि हाँ भी देखो भी, सटे करे है ना मतलब एर प्यूरोफाईल भी है गा। वो कहने के इदे लई ता उन्होंने नु थारां प्रसेंट दी बजाएं पांज़ प्रसेंट जी अस्टी कर देनी चाहिए। मान जो को हा खेजरी बारंता जबाब दिल्ली दी चंता दे चुक्की है ते वो ओ में हुन, मतलों कि उदे समने एक तारे अथे दूआ आया उदे लिए तो कोई फरके नहीं प्यूनन सीते जून दी त्यून है सो एसलिए दिल्ली दा परदूशन बड़ा मसल है पर एक दूए दे सिर पाके संसच आसीं पराने जड़े तुर्गे होनानु पंडी जाने हैं कि नैरूदने आएं करता है वो आएं करता ते एह हुण पिछलियां सरकारानु पंडी जानते हैं साडे आले वो तो पिछलियां सरकारानु पंडी जानते हैं सो पंड़ पंड़ येना लंग जुगाई अगली �.