Punjab Flood Crisis | Centre’s Bhakra Dam Control | Mahan Kosh Copies Lost | US Limits Student Visas

August 29, 2025 00:22:32
Punjab Flood Crisis | Centre’s Bhakra Dam Control | Mahan Kosh Copies Lost | US Limits Student Visas
Connect Newsroom
Punjab Flood Crisis | Centre’s Bhakra Dam Control | Mahan Kosh Copies Lost | US Limits Student Visas

Aug 29 2025 | 00:22:32

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Show Notes

Stay informed about Punjab's political scene by tuning into Khabarnama on Connect Newsroom. Hosts Vijay Saini and Deepak Sharma Chanarthal lead engaging discussions and provide in-depth analysis of the latest political developments.

Punjab reels under devastating floods as the entire state faces destruction. In the midst of the crisis, the Central Government asserts control over the Bhakra Dam. Meanwhile, priceless copies of the Mahan Kosh face irreparable loss to fire and water damage. Adding to the concerns, the United States has announced it will not issue student visas to Indians for more than 4 years. Watch the latest updates and in-depth analysis.

Hosted at Connect FM – Don’t forget to like, share, and subscribe for sharp and clear updates on Punjab’s political and cultural headlines. Tune in for detailed coverage with facts, analysis, and on-ground voices.

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Episode Transcript

[00:00:00] दीपक जी सुवागत है तुआड़ा सत्रियकाल जी सत्रियकाल भीज़े जी सारे दर्शकानों सुरोत्यानों प्यारपरी सत्रियकाल दीपक जी हड़ां दी स्थिती होर गंबीर हुंदी जारी है जी लगपड़ सारा पंजाब इस वले हड़ दी मार हेट है पर कई इस त� आज आपां जी आपां गल करिये हुन तक आपां लगातर पंजापते हरदी स्तिती दे फिकर चो गल कर दे आ रहे सी के दरजन दे करीब जिले हरदी मार हिटने जड़ा खितर बचे आसी मेंलादा स्वेर पेंदें तक ओसने भी हरदी चुपेट चाल जड़ा एक पासे तां मतल आपने पाईचारें बल्लो आपस दे विच गदवे दी बहुत मदद करके लोकानों सरक्य थामा ते ले जानदा जारें। दूसरे पसे पानी ता पतर फ़दा जारें। आज मतलो के हचानी वाला बारडर भी डूप गया। जित्ते ओर रिटीट सेरेमणी दी उसारी रास्मु पर एथो ता कपा लगा तरेना खितर दे विच पानी आमत दी ते इस स्थिति दे आपा गल कर दे आ रहे हैं। हुँुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुुु जो दे गेट खुलने नाल मतलब के होना तुसी कह सकते हों के जिस्सरां कगर दे विच भी पानी दी आमद बद गी ते गुर कगर ची जे पानी दी आमद बद गी तो उदे नाल मतलब के आप पत्याला ते पत्याला तो गयाली सारी बेल्ट भी मारे ता जूगी पत्याला पहला अइथो तक के हर्याना दे विच भी, अंबाला खितर दे विच भी, है ना वो सरा मतलू के पानी पर गया पिंडांच, गलियांच, कस्वियांच पर जड़ा पहलू देखनाला है एक पसे होने स्तिती है के पूरा पंजाम स्वेथ ता किते चपेठने आज भे है ना आस्त पर दिखना नहीं कर ले है के जी आज अंबाला दे विच दिन दे विच पानी पर दीन ख़बरा होनी है शुरू हुंदी है ते NDRF दीन टीमा आज ही अंबाले पहुंँ जानदी हैं आज ही लोकान दी रहात लिए पहुंँ जानदी हैं इसलिए के पंजाब चे सारी न टीमाने जमु कश्मील दे विच बदल फटडा है तुडा दे विच पत्था डिख देने गर्क दीया सारा कुछ है ती पिन्ती लोकां दी जान जान दीया है उदी खबर है गिया है माँचल च बदल फटन दिया है पानी आउन दिया है दर्या मांच आमत बदन दिया है वो खबर ह ते वो फसल है जीने तुहाटे पडोले परने हैं जीते ना देवते बोदी सरकार ने फिर आटा दाव स्कीम रही बंडबंड के बोटां गथियां करनी हैं ते रास्ट्री वीडिया जी गले भी नी करने हैं आपा रास्ट्री आफ़द देवादना गल कर दे आएं हैं के ना क पर रासी मीडिया वेनू दखाओना क्योंका नहीं गतराज है। जितने स्वाल है। उठाएज मुखमंतरी साहने बैठा कीती है पिंजाब दे मुखमंतरी ने। उनने अतकारियां नाल भी, मंतरियां नाल भी, सबंदत पपागां नाल भी, हदैतां करती हैं जी, के ग्राउं� کیونکہ میرے لیے تا ایمرجنسی ہو پہلے دن سے جدن پہلے دن پتا لگا دا کہ پنڈاں چ پانی بھٹنا ہوئے ادھن ایمرجنسی سی ای میٹنگ ادھن ہونی چاہی دی سی پھر آج ساڈا میڈیا دس رہے ہے کہ مکمل تری سامنے ایمرجنسی بیٹھ کر بلائیں دس دن آفاد ایمرجنسی بیٹھ کندے جن سارا پنجھاں پھڑتے کنھارے تے ایس لئے اینو کی سمجھے گھو گھوڑ مینوں تا م तुसी कुदर्ती, रास्त्री, आफ़ते नू अलानाली ते आदीं केंदर तक पहुँँच बरो। आज भी मेनूदे वेछो कोई ब्यानिया है जा नहीं लभें मीटियों तो बाद के मुखमतरी सहाब ने मीडिया चाके कहा हो बे के सी केंदर नू जथी लिखरें हैं, सी � सो इसलिए एक फिकर मन दियारी स्तिती है कि एक पासे मनने आ जा रहे हैं कि हडाने पिछे तकनीकी खामियां, मनुखी गलतियां पर अच्छु थक आउंदे आउंदे आउंदे हैं कि तो पहला पानी उत्रन तो बाद उदी मुस्का आवे कि तो पहला पानी उत्रन तो बाद उ बिल्कुल जी एता जदो मुक्वंतरी पग्वांतमान जी पानियां दे मसले ते नंगल डैम गिरे मात दे सी ओ समय ये गल सामने आ गी सी के जी अमित शाजी ने कहता सी कहा भी के डैमा दा कंट्रोल असी अपने हाथ चले रहे हैं असी अपने टीमा पेज रहे हैं उसतो बाद पंजाप सरकार ने बदानत सबा दे वेची क मता लेनदा सी एस डैम सेफ़टी नु लेके के जी ये सुबयां दा अदकार है इदे उते साडा कंट्रोल चाहिएदा, साडी पुर्सा कंट्रोल चाहिएदा उदली मता लेनदा ते ओ मता पंजाप दी बदानत सबा ज पानीयां दी बंडबडीयां ता कंट्रोल ता लगपक उनने संबे हुई हैं। उन ओबराल कंट्रोल भी सरक्थाला भी उनने देहवाले देता। ते फिर डैम तक इंदर दे कबजेच च जा रहे हैं। ते तुसी मते दी सांब बिल क्यों नी लेंदा जी? करून क्यों नी बना तुसी बिल ले उन्दे हैं राजपाल पास ना करता राजपती पास ना करता तुसी कहन जो कहते उन्दे कहसता बिल ले उन्दे थी कनून मरना चौने हैं कहते सर न तक्का करता तुसी तामिल आडू जाके आए कोई उथो दी एक सुर्खी तुआरी कोई ये लगी के तुसी त यह सब दे दर्मियान केंदर वलो बार बार आंदी रही की जी हसी पाक्रा डैम दा कंट्रोल लेन जा रहे हैं केंदरी टीमा नंगल आईयां उनाने जड़े क्वार्टर हुंदेने मैंना उपहे नहीं जीना दे उठे नंगल टाउंशिप च वो क्वार्टरां दी निशान द ते उन्हांने कहा जी के एक क्वार्टर था रहन लाइक नी जी एक मुरम्मत नाल भी नी सर नी जदो के वो ठीक था के मुरम्मत नाल रहन लाइक बंद सकते ने पर एसारी कारबे जेदो नंगल चल रही सी कोई सुनेया जी के मुखमतरी साभने गडी दुबारा नं� यह सद्धा सुबेन केंदर नहीं है। क्यों नहीं उसने खतम करने लिए पहले कदमी करते हैं। किसे एक चार जो इलीजी। हुन आखर 200 बंदा दिली तो नंगल पहुंच गया है। CISF दे 200 जबान नंगल पहुंच गये। अज सदे कोड अनती तरीक मुख गया। कल ती तरी चाबियां सांबले नहीं है। नबे दे करीबन अली यह जड़े होने जी क्वार्टरों त्यार कराये ने। यह मतली किछ दो दो रहें गे। एक सो असी बंदे नाँच रहें गे। हो सकता। बाकियाली कोई होर परवांद हो बे। पर जदों के मेनु जो जानकरी मिल रही है उठे कहेंदे जी केंदर दे इना पागीदकारियाने जिनने आके दौरे कीते सी नंगल दे उनने जमीन लबिया के थे नमी कलोणी बसामांगे सी एसापते जबानाले इतना मतले ना नपेक वाटरांदा मसला है ना 200 मलाजमांदा मसला है एक नमी कलोणी बसंदी तियारी है पूरे डेरेने पक्के, पक्का कभजाना कोल है। मुखमंतरी सहाब हुण तुसी गहे सी, के फाटक नहीं सिट्रन देंदा मैं, मैं पानी नहीं जाना देंदा, दो मीने लंगे, दस मीने रहने थे, फेर वो मसला होगा, के जी हर्याने ने अपनी हादा पानी पूरा बरत लया, सुक्वी सिंग बादल तारन तार जबोटा मांग दे फिर देनो किठे ने? मतलब कोई राजनितिक जमात पंजाब दी पंजाब दे मुद्यां ते लड़नू ही त्यार नी हरदे आरदे विच पंजाब सरकार शामलाता दबडनू फिर दी है हरदी आरदे विच नेमादा कंट ते जी पंजाब कोर ना पानी बच्चे ना जमीन बच्ची बचूगा की ये बढ़ा सवाल है इसे उते गौर करनी लोड़ा रहें दिक्ते रहनू पंजाब दे मीडियानू संस्तावानू बुद्धी जीवित रहनू ये बढ़ी लड़ाई सदे मुरे चनोती मन के लगातर इक तो फिर सिकी दी चोड़ी पहरे हैं। दर लगता है कोई केंटर मुरे बोलनतो जान उनने बाँज यही मरोडिया है। जान तो उनने दी चोड़ी पहरे हैं। किनने इस वाल छड़के जा रहे हैं तुसे देनाब। जा दीपक जी दसेओ महान कोश दियां कापियां दे मले के � जड़ी नाम तो इस फस्ट है के पाँशा दा अरत भोली दा अरत जुनिवर्स्टी है। एस पंजापी जुनिवर्स्टी पत्याला नु एक टास्क मिलेया, एक कार्ज मिलेया, जीनु इन्हां दी पाँशा च जीमाईं पड़े लिखे, गुनी ग्यानी, बनदें दी पाँशा वो प्रजेक्ट थी के महान कोश पाही कान सिंग नापा हुरां तो उस महान कोशनु अगान तोरते हैं कि उससे कुछ नमा शामल होना है समय दे हान दे कुछ शब्द, कुछ अर्थ, कुछ तर्मक बदामाँ चो, कुछ समाजिक बदामाँ चो, कुछ सबयाचार चो समय समय कि इस परजेक्ट दे उठे क्रोड़ों दा खर्चा है। चंगी खासी रखम लग दी है। क्योंके गुनी गया नहीं बन देने जब सी काम देना तो तो मुल भी देना बेनता है जी तोनोंनों। सो इसलिए जिनाने एदी सुदाईदा काम कीता, जिनाने एदी लखाईदा का ते पिंजाब दे भुद्धी जी भी बरगे ने चिंतक बरगे जे तो निगा मारी ता कहेंदे जी गलतियान ने जे तो गलतियान दी निशान देख कर लिए स्पीकर साब दी अगवाईच बैठकाना दौर शुरू हुया ते जी निशान देख करदेयां करदेयां बिजे जी त आउनालिया पीडियाने इते विचूई अर्थ, इते विचूई समझ, इते विचूई पाव, इते विचूई सर कुछ लपना है। तेसी की प्रोस के जा रहे हैं जी? यह कौन प्रोस रहे हैं? जड़ी पाशां दार्थ जुनिबस्ट्री, ओदे जड़े गुणी ग्यानियान� जदो एक गलतियानु दुरुस्त करनी जुम्मेवरी मिली हो, जुम्मेवरी नहीं बाहून तो बाहून दुबारा चेक किता तो होर गलतियां बदगी हैं औच्छा जी ते 15,000 कापियां शपीं आभी हैं आखर फैसला होया स्पीकर साहब दी अगवाही चे के बही इननो नस्ट कीता जागे। ए नहीं जानतक होनी है चाहिद निया, इननो नवे सिरे तो दुबाला देखांगे। उदली होया के स्पीकर साहब दी अगवाही चे इननो सही तरीके नारद बिल्ले लाउनदी कभायत च मूल मंतर बे अर्थ भी ने, इदे विच गीता दे शलोक भी ने, इदे विच रमयन दियां चुपन्या भी ने, इदे विच कुरान दियां आयिद भी ने, सारा कुछ है अरज, सारे तरमां दा होगा। जुनिवस्ति ने जड़ी कोता ही शापन ली कीती होता कीती हो गीती। गलतियां हो चे कीती हैं गीतियां। वो तो उगे नो बेले लाओन लगे जुनिवस्ति ने अंदर एक टोआ पट्या लिया के सिठने आशुल करती हैं। ये एक तरह तरमक शब्द ने। वो सनो लेके सब यह एक कताब है पर एक कताब की थी नुमेंद्गी कर दिया जी? सडे बिर्से दी, सडे सपयाचार दी, सडे शब्द गुरू दी ते सी उतने के हो जा बरतारा करें कोई तरीका करता दुरुस्त अपनाय जा सकता है न? जी उस तरीका करता इस वाल होगे के एक गडा तिरीका है मतलब लोकानू मूर्ख बनाओना नहीं कबाएल सो एस लिए एस तिरीका कार दे उठे बद्यारतियां दे दाम दे उठे डीन तो लेके बाईस चांसलर तक परचे होगे चली जो कार भाई कदो थंडे बसे चली जो मैं कहना है ये मामला निबड भी ज मेरा मनना एहा कि बटी गलती ता ओ है कि जड़िये दी शिपाई च गता ही होई मतलब जे परजेक्ट ते इनने लखां क्रोडा रपीया खरचा आया है जे तुसी उदे मान पत्ते ले ने इस कमनू सिरे लाउण दे ता फिर गलतियां ले भी जुम्मे बर तुसी ریٹیئر ہو گئے جی، بدلیاں ہو گیاں جی، چلے گئے جی، سالوں بدی چلتا ہے کم سی، سو موٹی جے کمائی کھا دیا مہلہ دا بیاج سنے اونا تو اس کتاہی لے، اونا دی جمع باری تہہ کرنی چاہی دیا اور اونا دی ایس دے ماملے دے پیسے دی باپ سی کیونکہ پنجابی جنہوں سی پٹیڑا تا پہلے ہی آبصک دور تے کمجور ہے جی، تے اوز جمین دے اوتے لینڈ مافیا دی آکھ ہے جی، جے جینیا ک पहले ही लोगता पार देने चीज़ां। सो जुनिवासी नू बचाओन दी भी लोड है ते उनांदे यो गुणी गयानी है। असी परिफैस्रां कोड़े पड़े हैं अते आपकां कोड़े पड़े हैं गुरु सहवाना कोड़े पड़े हैं पर जे तुहानु अगली पीड़ी दीपक जी डॉनल्ल ट्राम्प दी एड्मिनिस्ट्रेशन वलों रूल्स दे विच नित नवी तबदीलियां कीती हैं जानदियाने काई मुलकां दी सरदर्धी उन्हांने वदादती हुईया। एस हफ़ते एक होर तबदीली जड़ी एलानी गईया है के अंतरराष्टरी विद उदी एक डूरेशन मकसूस कर दिती गिये विए इस तो वद चार साल तो वद वीजा नहीं देना अंतराष्ट्री विदियार्थियानू। इवन मैं भी देख रहा है सीजी कि जले पत्रकारानू भी वीजे मिला कर देनें अमरिका जान लिए उदी भी मियाद वद तो वद बिल्कुल जी अमरीका बलों लगातर जेहोजियां तबदीलियां जेहोजियां नियम जानदे जारेने वो तक्केशाही आरे बहुत लगतेने वो तौंसर आरे बहुत लगतेने और पारतों दे विच काफी जादा सबतो बद पीड़ सुन्दा नजर आरे जी मैं पा टै तो यह सब दे दर्मियाना पिछले दिन ड्रैबराना मसला किता बड़ा बनिया। ते हुनों दे विच आका नमी माहरागी है। बिलकुल यह मैंने लगता जौर्ज भुष शोरां दे समय मतलब जदो रास्टपती थी कि ओ समय दा नियम थी जिनों लिया कि उन बदले है। कर मतलब चार साल दी थोड़ी ग्रेज़ूईशन है, दो साल दी थोड़ी मास्टर है। जे तुसी ये छेड़ साल दी करते हों ता एक प्रकरेश होगी। जे तो बाद भी पीज़डी करते हों, पान साल हो रहे हैं पिर। फिर वो गेरान साल है। सो जे कर वो गेरान साल है तो ए जो जानकरी मेरे साभ नल मेरे नल बद तुहानु जा साड़े दर्शकानोई दे बारे बद बदा हुगा। पर मैं पारताले पासे जोड़ा फिकर दे वरना गल करने हैं वो एभी है कहने के एभी तै करता के पहला पड़ाई पूरी होन तो बाद उठे तुझी सेट होना है नहीं होना जान नोकरी पिछली प्लाई करना के नहीं करना उसलिए थोड़े गड़ो दो मीने दा बखवा मिल � खड़ा हो गया नामा मसला मापियाने ले भी फिकर मंदी बद गी ते फिर दूआ का कनेडा देखते ले जी कनेडा चे बैसे ही मेरे कल 5-6% स्टडी बीजेंच कटोथी कर देती गयी है जी जी जी तो इसलिए इस दोए बासें मैंने लग रहे के बूहे बंद हो रहे ने बदिय पॉलिसी लेवल ते बहुत बडियां तबदीली आ रियानें दीपक जी वेख देयां उन्दे दिनाच होर की कुछ हुणदा परदानमंतरी पारदे परदानमंतरी जपान गएनें आज उठे जाके उनने जपानियानु किया पाहिच उसी अपने कारखाननें इंडिया चला लो � हुण ते बियान देखो चाइनाले पासियों भी ते पारताले पासियों भी आ रहे ने भी इंडिया ते चाइना जे अपने मतपेद सॉल्व करके आपस दे विच कठे हो जान ता दुनिया पर दे विच स्थिरता कायम करन दे लिए ये दोहां मुलकां दा एका एक बहुत महत्त अंतर राश्ट्री मीडिया जी खोर सुर्खी बहुत बन दी पहिया भी चाइना ने एक हा के पारत दे नाल जड़ा सी नेड़ तबदाउन दी गाल कर रहे हैं एसी कोई डिपलोमेटिक पॉलिटिक्स नहीं खेड दे पहे सड़ी सची मनशा है है है असी कोई होना अमरीका दे म ता फेर दुनिया पर दे विच स्थिरता लेई वो बहुत वदिया गल होईगी। So, काफी कुछ अगला हफ़ता बड़ा important होना। एक बीजे जी, हपा अकसर गल करते आए हैं, के जे तिकडी कठी हो जबे ता दुनियानों मुरे ला सकती है, कुई शक नहीं। तर इनन की चीन ते नंगी आखनल प्रोसा कीता जा सकता है। इसवाल है। देखो पछमी मुल्कां दी जदो गल हुंदी G7 है न वी वो पछमी मुल्कां दी आपसी जड़ा ग्रूप हैगा विक्सत मुल्कां दा फिर उननु एकस्पैंड करके G20 कर लेंदे है धीपक जी तिन स्तंबर � उदे छ 26 वखो वखरे मुलकां दे जड़े मुखी ने उठे मौजूद होनगे ते जिदे विच रशिया, नौर्थ कुरियाले केम जांगुनो ता निकल देनी अपने मुलक तो बार कदी वो भी आ रहे ने ते इरान दे भी representative मुखी उठे मौजूद होनगे तोड़ा बहुत श

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